लोन की EMI फिर से बढ़ने वाली है। 7 अक्टूबर 2026 को Reserve Bank of India ने फ़रवरी 2023 के बाद पहली बार repo rate बढ़ाया, और उसके बाद आए सितंबर के महंगाई आँकड़ों ने वजह भी साफ़ कर दी। यहाँ जानिए क्या बदला, एक आम दुकानदार पर कितना असर होगा, और इस महीने क्या करें।

मुख्य बात: Repo rate अब 5.50% है (5.25% से 25 bps ऊपर)। सितंबर 2026 में खुदरा महंगाई 5.54% पहुँची। Repo से जुड़े लोन एक तिमाही के अंदर बदल सकते हैं; ₹20 लाख, 10 साल के बिज़नेस लोन की EMI लगभग ₹278 महीना बढ़ेगी।

प्रमाण तालिका: क्या घोषित हुआ

मदविवरणस्रोत
Repo rate5.25% → 5.50% (+25 bps), 7 अक्टूबर 2026 सेRBI MPC, 5–7 अक्टूबर 2026
SDF rate5.25%RBI MPC
MSF rate और Bank Rate5.75%RBI MPC
नीति रुख (stance)Neutral → calibrated tighteningRBI MPC
CPI महंगाई, सितंबर 20265.54% (अगस्त: 4.83%); खाद्य 7.74%MoSPI, 12 अक्टूबर 2026
FY 2026-27 अनुमानGDP 7.1%, CPI 5.2% (Q3 में CPI 6.0% का अनुमान)RBI MPC

RBI ने दरें क्यों बढ़ाईं?

क्योंकि महंगाई अब सिर्फ़ खाने और ईंधन तक सीमित नहीं रही। जुलाई से सितंबर के बीच कच्चा तेल तेज़ी से महँगा हुआ, मानसून सामान्य से लगभग 13% कम रहा, और core inflation (खाना-ईंधन छोड़कर बाकी दाम) भी बढ़ने लगी। Q1 FY 2026-27 में 7.8% की growth इतनी मज़बूत है कि छोटी बढ़ोतरी झेल सके। 21 अक्टूबर को आए MPC minutes बताते हैं कि अभी rate cut की उम्मीद नहीं — अगला कदम बढ़ोतरी या ठहराव होगा।

आपकी EMI कितनी बढ़ेगी?

EMI तभी बढ़ेगी जब आपका बैंक बढ़ोतरी आगे बढ़ाए। छोटे कारोबार और घर के ज़्यादातर नए floating-rate लोन repo rate (EBLR) से जुड़े होते हैं, और बैंक इन्हें कम से कम हर तीन महीने में reset करते हैं। नीचे की तालिका मानती है कि पूरा 0.25% आगे बढ़ाया गया।

लोनपुरानी दरनई दरपहले EMIअब EMIपूरे लोन में अतिरिक्त ब्याज
₹10 लाख बिज़नेस लोन, 5 साल11.00%11.25%₹21,742₹21,867₹7,493
₹20 लाख बिज़नेस लोन, 10 साल10.00%10.25%₹26,430₹26,708₹33,318
₹50 लाख होम लोन, 20 साल8.00%8.25%₹41,822₹42,603₹1,87,507

कुछ बैंक EMI वही रखकर अवधि (tenure) बढ़ा देते हैं। इससे बढ़ोतरी दिखती नहीं, पर कुल ब्याज ज़्यादा लगता है। बैंक से पूछें कि उसने कौन-सा तरीका अपनाया है।

EMI के अलावा छोटे कारोबार पर असर

इस महीने का एक्शन प्लान

  1. लोन का sanction letter देखें: दर repo (EBLR), MCLR या fixed से जुड़ी है? Fixed-rate लोन नहीं बदलते।
  2. बैंक से reset date पूछें और यह भी कि EMI बढ़ेगी या tenure।
  3. अगर अतिरिक्त नकदी है, तो reset से पहले part-prepayment करने से ब्याज घटता है।
  4. अपनी rate list देखें। अगर कच्चा माल 5% से ज़्यादा महँगा हुआ है, तो दिवाली का स्टॉक निकलने का इंतज़ार किए बिना दाम अभी अपडेट करें।
  5. पहले बकाया उधारी वसूलें। जितना उधार वापस आएगा, उतना आपको महँगी दर पर उधार नहीं लेना पड़ेगा।

DAM में अपने लोन और EMI ट्रैक करें

यह तरीका DAM के in-app search (Loans & Advances) से लिया गया है।

  1. Search खोलें और Loans & Advances टाइप करें, फिर New loan दबाएँ।
  2. Loan taken चुनें, रकम, Interest rate (%), Rate per और Interest method भरें।
  3. No. of instalments और First due भरकर Generate instalment dates दबाएँ।
  4. Repayment preview में EMI, ब्याज और कुल देय रकम देखें। बैंक दर बदले तो लोन edit करके नए आँकड़े मिलाएँ।

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अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

अभी repo rate कितना है?

7 अक्टूबर 2026 को 25 basis point बढ़ोतरी के बाद 5.50%।

क्या मेरी EMI तुरंत बढ़ेगी?

तुरंत नहीं। Repo से जुड़े लोन बैंक की तय reset date पर बदलते हैं, कम से कम हर तिमाही। Fixed-rate लोन नहीं बदलते।

growth अच्छी होने पर भी RBI ने दर क्यों बढ़ाई?

ताकि खाने, ईंधन और core कीमतों की बढ़त लंबी महंगाई में न बदले। सितंबर 2026 में खुदरा महंगाई 5.54% पहुँची।

क्या RBI जल्द दर घटाएगा?

MPC ने रुख calibrated tightening कर दिया है, यानी अगला कदम बढ़ोतरी या ठहराव होगा, कटौती नहीं।

स्रोत

सामग्री 23 अक्टूबर 2026 को जाँची गई। RBI · MoSPI: CPI press release, September 2026 · SCC Online: RBI hikes repo rate to 5.50% · Infomerics: RBI MPC October 2026 review।

अस्वीकरण: यह लेख केवल जानकारी के लिए है, औपचारिक कर, कानूनी या वित्तीय सलाह नहीं। कोई भी कदम उठाने से पहले किसी registered Chartered Accountant (CA) से पुष्टि करें।